Rahul Gandhi Speech: कांग्रेस सांसद राहुल गांधी द्वारा लोकसभा में दिए गए भाषण के कुछ हिस्सों को हटा दिया गया है, जिसपर इंडिया गठबंधन ने अपनी नाराजगी जाहिर की है. राहुल गांधी ने खुद अपने भाषण के कुछ हिस्सों को कार्यवाही से हटाने के खिलाफ स्पीकर ओम बिरला को चिट्ठी लिखा है. राहुल ने पत्र लिखकर मांग की है कि जिन शब्दों या वाक्य को उनके भाषण से हटाया गया, उसे वापस सदन की कार्यवाही में जोड़ा जाए.
स्पीकर को लिखे अपने पत्र में राहुल गांधी ने कहा है कि मेरे विचारों को कार्यवाही से हटाना संसदीय लोकतंत्र की भावना के खिलाफ है. ऐसे में मेरे भाषण के हटा दिए गए हिस्सों को फिर से बहाल किया जाना चाहिए. अपने पत्र में राहुल गांधी ने कहा कि उनके भाषण के हटाए गए हिस्से लोकसभा में प्रक्रिया और कार्य संचालन नियमों के नियम 380 के दायरे में नहीं आते हैं. राहुल ने अपने पत्र में कहा, “सदन का प्रत्येक सदस्य जो उन लोगों की सामूहिक आवाज का प्रतिनिधित्व करता है, उसे भारत के संविधान के अनुच्छेद 105 (1) में निहित अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता है.”
भाषण हटाए जाने से हैरान हूं- राहुल गांधी
राहुल गांधी ने आगे कहा कि जिस तरह से मेरे भाषण के कुछ अंश हटाए गए उससे मैं हैरान हूं. मैंने सदन में सच्चाई रखी. हर सांसद का अधिकार है कि वो संसद में लोगों से जुड़े मुद्दे उठाए. इसको ध्यान में रखते हुए ही मैंने अपना भाषण दिया था. इसके साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि अनुराग ठाकुर के भाषण में कई आपत्तिजनक बातें थी, लेकिन आपने सिर्फ एक शब्द हटाया.
भाजपा पर जमकर बरसे राहुल गांधी
राहुल गांधी ने लोकसभा में विपक्ष के नेता के रूप में अपने पहले संबोधन में भाजपा की तीखी आलोचना की और आरोप लगाया कि बीजेपी के नेता लोगों के बीच सांप्रदायिक कलह पैदा कर रहे हैं. गौरतलब है कि, राष्ट्रपति के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान लोकसभा में दिए गए राहुल गांधी के भाषण के कुछ अंश सोमवार (1 जुलाई, 2024) को हटा दिए गए हैं. हटाए गए अंश में हिंदुओं और कुछ दूसरे धर्मों पर उनकी टिप्पणियां शामिल हैं.
Also Read: Ramdas Athawale: रामदास आठवले ने राहुल गांधी को बताया आतंकवादी, भड़का बवाल